Story Telling
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Story telling is a way of presenting ideas in a way that can easily be understood by any age group!
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सुराख और कीलें (The Holes and Nails) एक छोटे लड़के को बहुत गुस्सा आता था। उसके पिता ने उसे कीलों से भरा एक थैला दिया और कहा, "जब भी तुम्हें गुस्सा आए, बाड़े की इस लकड़ी की दीवार पर एक कील ठोक देना।
नमक का कटोरा (The Bowl of Salt) एक युवा लड़का अपनी ज़िंदगी की परेशानियों से बहुत परेशान था। वह एक बुद्धिमान साधु के पास गया और अपना दुख रोने लगा। साधु ने उसकी बात सुनी, रसोई में गए और एक मुट्ठी न
लोहे का मूल्य (The Value of Iron) एक दिन एक छोटे लड़के ने अपने पिता से पूछा, "पिताजी, मेरे जीवन की क्या कीमत है?" पिता ने बिना कुछ बोले उसे लोहे का एक पुराना टुकड़ा दिया और कहा, "इसे बाज़ार में ल
रिश्तों की अहमियत आनंद बाबू की पत्नी के निधन को पाँच साल हो चुके थे। उनका बेटा राहुल अब बड़े शहर में सॉफ्टवेयर इंजीनियर था। राहुल साल में सिर्फ एक बार दिवाली पर घर आता था। इस बार भी वह आया, लेकिन उ
विज्ञान गल्प राघव वर्ष 2085 की दुनिया में रहता था। इस दौर में इंसानों के सारे काम 'जेन-9' नाम के एआई रोबोट करते थे। राघव का रोबोट 'मैक्स' उसका सबसे पक्का दोस्त था। मैक्स राघव के उठने से लेकर सोने त
दी सीक्रेट ऑफ ओल्ड क्लॉक अमित ने हाल ही में शहर के बाहरी इलाके में एक पुराना मकान खरीदा था। मकान बहुत खूबसूरत था, लेकिन उसके लिविंग रूम में एक बहुत पुरानी दीवार घड़ी टंगी थी। मकान मालिक ने चाबी देत
अहंकार ही अंत एक गाँव में एक मूर्तिकार रहता था। वह इतनी सुंदर मूर्तियाँ बनाता था कि वे बिल्कुल जीवंत लगती थीं। एक दिन एक ज्योतिषी ने उससे कहा, "अगले रविवार तुम्हारी मृत्यु निश्चित है।" मूर्तिकार डर
The Last Bookstore on Earth The digital transition was absolute. Books were long dead, replaced by direct neural feeds that streamed knowledge instantly into the brain. Yet, tucked between two towe
आखिरी पत्ता और नई सुबह रूपा एक गंभीर बीमारी से जूझ रही थी और अस्पताल के बिस्तर पर लेटे हुए खिड़की के बाहर लगे एक पुराने पेड़ को देखा करती थी। पतझड़ का मौसम था और पेड़ के पत्ते एक-एक कर गिर रहे थे।
समय का बटुआ आनंद बाबू को उनके सत्तरवें जन्मदिन पर एक अजनबी ने एक पुराना चमड़े का बटुआ उपहार में दिया। उस अजनबी ने कहा, "यह कोई साधारण बटुआ नहीं है। इसमें पैसे नहीं, बल्कि आपके बीते हुए जीवन के वो प
कंकड़ की कीमत राघव अपने गाँव का सबसे गरीब मूर्तिकार था। उसके पास महंगे संगमरमर खरीदने के पैसे नहीं थे, इसलिए वह नदी किनारे से साधारण पत्थर चुनकर लाता और रात भर उन पर अपनी छेनी चलाता। लोग उसकी बनाई
दो दोस्त और लोहे का तराजू एक शहर में गोपीनाथ नाम का एक अमीर व्यापारी रहता था। अचानक व्यापार में बड़ा घाटा होने के कारण वह गरीब हो गया। उसने अपनी बची-कुची संपत्ति बेची और दूसरे शहर जाकर नया काम शुरू
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