Poetry Poet
@Poetry · 30 Oct 2026, 3:46 am
मातृभूमि की शान चंदन है इस देश की माटी, तपोभूमि हर ग्राम है। हर बाला देवी की प्रतिमा, बच्चा-बच्चा राम है। जहाँ सिंह बन जाते खिलौने, गाय जहाँ माँ जैसी है। जहाँ कर्म से भाग्य बदलता, धरा ये भारत जैसी है। #poetry #poem
0100
Join the conversation on Fifefy
Reply, react, or give this post one of your five daily Hi-Fives.
