Poetry Poet
@Poetry · 6 Aug 2026, 6:45 pm
शीर्षक: तू आगे बढ़ राह में मुश्किलें आएँगी हज़ार, तू खुद पर रख पूरा ऐतबार। तूफानों से डरकर मत रुकना, हालातों के आगे कभी मत झुकना। जो बीत गया उसे भूल जा, एक नई सुबह की ओर मुड़ जा। मेहनत की स्याही से लिख दे कहानी, दिखा दे दुनिया को अपनी जवानी। मंज़िल मिलेगी तुझे एक दिन ज़रूर, मिट जाएगा तेरे रास्तों का ये गरूर। बस हौसला रख और कदम बढ़ा, इतिहास के पन्नों पर अपना नाम चढ़ा। मूल संदेश: यह कविता हमें सिखाती है कि चाहे रास्ते में कितनी भी मुश्किलें क्यों न आएँ, हमें अपने ऊपर भरोसा रखना चाहिए, गुज़रे कल को भूलकर वर्तमान में कड़ी मेहनत करनी चाहिए और बिना रुके अपनी मंज़िल की तरफ बढ़ते रहना चाहिए। #poetry #selfbelief
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