Story Telling
@Story · 2 Aug 2026, 6:23 pm
पंच परमेश्वर - प्रेमचंद (न्याय और कर्तव्य) जुम्मन शेख और अलघू चौधरी गहरे दोस्त थे। एक बार पंचायत में अलघू को पंच चुना गया। मामला जुम्मन की खाला (मौसी) का था। अलघू ने दोस्ती को किनारे रखकर न्याय का साथ दिया और जुम्मन के खिलाफ फैसला सुनाया। इससे दोस्ती में दरार आ गई। बाद में जब जुम्मन पंच बना, तब उसे अहसास हुआ कि पंच के पद पर बैठकर केवल सच दिखता है, दोस्ती या दुश्मनी नहीं। सीख: सच्ची दोस्ती कभी भी अधर्म या गलत काम का समर्थन नहीं करती। #story
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